दिवाली और छठ पूजा के त्योहारों के बीच आम जनता और कारोबारियों को महंगाई का झटका लगा है। तेल कंपनियों ने 1 नवंबर से एलपीजी सिलेंडरों की नई कीमतें जारी कर दी हैं। इस बार 19 किलो वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में बढ़ोतरी की गई है। हालांकि, घरेलू रसोई गैस उपभोक्ताओं को राहत मिली है और 14.2 किलो वाले सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
नई दरों के मुताबिक, दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर 10 रुपये महंगा होकर 2,820 रुपये का हो गया है। अक्टूबर में इसकी कीमत 2,810 रुपये थी। चेन्नई में सबसे ज्यादा 11.50 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसके बाद यहां सिलेंडर का भाव 2,994.50 रुपये पहुंच गया है। अहमदाबाद में इसकी कीमत 10.50 रुपये बढ़कर 2,842 रुपये हो गई है।
दिल्ली में 19 किलो वाला कमर्शियल सिलेंडर 2,820 रुपये और घरेलू सिलेंडर 942 रुपये का है। मुंबई में दोनों की कीमतें क्रमशः 2,764 रुपये और 941.50 रुपये हैं। चेन्नई में कमर्शियल सिलेंडर 2,994.50 रुपये और घरेलू सिलेंडर 957.50 रुपये में मिल रहा है।
अहमदाबाद में कमर्शियल सिलेंडर का भाव 2,842 रुपये और घरेलू सिलेंडर का 949 रुपये है। लखनऊ में कमर्शियल सिलेंडर 2,942 रुपये और घरेलू सिलेंडर 979.50 रुपये का हो गया है। वहीं, पटना में कमर्शियल सिलेंडर की कीमत 3,132 रुपये और घरेलू सिलेंडर की 1,040 रुपये है। शिलांग में कमर्शियल सिलेंडर 3,091 रुपये और घरेलू सिलेंडर 1,007.50 रुपये में उपलब्ध है।
कमर्शियल गैस सिलेंडर का इस्तेमाल मुख्य रूप से होटल, रेस्टोरेंट, ढाबों, मिठाई की दुकानों और कैटरिंग कारोबार में होता है। लगातार दूसरे महीने इसकी कीमतों में बढ़ोतरी से इन कारोबारियों की परिचालन लागत बढ़ेगी। त्योहारों के सीजन में मिठाइयों और खाने-पीने की वस्तुओं की मांग पहले से अधिक रहती है। ऐसे में बढ़ी हुई लागत का असर ग्राहकों की जेब पर भी पड़ सकता है।
अगर होटल और रेस्टोरेंट संचालक गैस की बढ़ी कीमतों का बोझ ग्राहकों पर डालते हैं तो बाहर खाना और मिठाई खरीदना महंगा हो सकता है। हालांकि, घरेलू सिलेंडर के दाम स्थिर रहने से फिलहाल घरों में रसोई गैस का खर्च नहीं बढ़ेगा।


