गिरफ्तार तस्करों की पहचान तरनतारन जिला के गांव सराय अमानत खां निवासी आकाशदीप सिंह उर्फ आकाश और कुलजीत सिंह उर्फ गोरा के रूप में हुई है। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि प्राथमिक जांच दौरान खुलासा हुआ कि यह तस्कर तरनतारन जिला के साथ सटी सीमा के रास्ते पाकिस्तान की से ड्रोन के जरिये हेरोइन खेप मंगवाते थे।
एडीसीपी सिटी-1 डॉ. दर्पण आहलूवालिया के नेतृत्व वाली टीम ने दोनों तस्करों को हकीमां गेट थानाक्षेत्र में काबू किया गया। यह दोनों सीधे तौर पर पाकिस्तानी तस्करों के साथ संपर्क में हैं। दोनों तस्कर तरनतारन में पाकिस्तान से सटे बॉर्डर के रास्ते ड्रोन के जरिये लगातार हेरोइन की खेप मंगवाते थे।
इंटरनेशनल चेक पोस्ट (आईसीपी) पर साल 2019 के 29 जून में अफगानिस्तान से पाकिस्तान रास्ते सेंधा नमक के ट्रकों में मंगवाई 532 किलो हेरोइन और 52 किलो नशीला पाउडर के मामले में वांछित तस्कर गुरप्रीत उर्फ गोपा के करीबी हैं।
सीपी भुल्लर ने बताया कि तस्करों से पूछताछ दौरान हेरोइन की और बड़ी खेप बरामद होने और इनके कई अन्य साथियों की गिरफ्तारी होने की उम्मीद है। उन्होंने बताया कि उक्त 532 किलो हेरोइन और 52 किलो नशीला पाउडर सराय अमानत खां निवासी तस्कर रंजीत सिंह उर्फ चीता ने मंगवाई थी। इसमें तस्कर गुरप्रीत उर्फ गोपा का पिता जसबीर सिंह आजकल जमानत पर है जबकि इसका भाई हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी भगोड़ा है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) 532 किलो हेरोइन मामले में जांच कर रही है।