देशभर में भीषण गर्मी से बेहाल लोगों के लिए एक राहत भरी खबर है। 4 जून को केरल तट से टकराने के बाद दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने रफ्तार पकड़ ली है और तेजी से आगे बढ़ रहा है। केरल में एंट्री के महज 24 घंटे के भीतर मॉनसून देश के 4 राज्यों में दस्तक दे चुका है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, 5 जून को मॉनसून गोवा के कुछ हिस्सों, कर्नाटक के अधिकांश इलाकों, तमिलनाडु और अरब सागर के मध्य हिस्सों में आगे बढ़ गया है। इन राज्यों में एंट्री के साथ ही कई जगहों पर तेज बारिश का दौर भी शुरू हो गया है। अब यह गोवा से महाराष्ट्र की ओर कूच कर रहा है।
अगले 2-3 दिनों में महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश में एंट्री
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा शनिवार सुबह जारी किए गए ताजा बुलेटिन के मुताबिक, मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए मौसमी परिस्थितियां पूरी तरह से अनुकूल बनी हुई हैं। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि अगले 2 से 3 दिनों के भीतर मॉनसून मध्य अरब सागर के बाकी हिस्सों, पूरे कर्नाटक, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश और पूर्वोत्तर भारत के कुछ और राज्यों को अपने आगोश में ले लेगा। इसके चलते इन राज्यों में प्री-मॉनसून गतिविधियों के साथ भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
दिल्ली-NCR में फिर सताने लगी गर्मी
एक तरफ जहां दक्षिण और पश्चिमी भारत में मॉनसून मेहरबान है, वहीं दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के लोगों को अभी थोड़ा और इंतजार करना होगा। बीते दो दिनों की हल्की राहत के बाद आज दिल्ली और आसपास के इलाकों में सुबह से ही तीखी धूप निकली है, जिससे गर्मी की धमक एक बार फिर महसूस की जाने लगी है। उमस और बढ़ते तापमान के बीच अब दिल्ली, यूपी, बिहार और राजस्थान के लोग टकटकी लगाए मॉनसून का इंतजार कर रहे हैं।
जानिए आपके राज्य में किस तारीख को पहुंचेगा मॉनसून
मौसम विभाग ने मॉनसून ट्रैकर मैप के जरिए उत्तर और मध्य भारत के राज्यों में मॉनसून के पहुंचने की संभावित तारीखें साझा की हैं। बिहार में मॉनसून के 15 जून तक दस्तक देने की प्रबल संभावना जताई गई है, जिससे वहां के लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी। इसके बाद 20 जून तक मॉनसून आगे बढ़ते हुए उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों को कवर कर लेगा। दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के इलाकों में 25 जून तक मॉनसून की पहली झमाझम बारिश होने के आसार हैं। सबसे आखिर में, 30 जून से 5 जुलाई के बीच मॉनसून के राजस्थान में प्रवेश करने की उम्मीद जताई गई है। तब तक उत्तर भारत के राज्यों में बीच-बीच में प्री-मॉनसून बौछारें पड़ने से तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा।


