बिहार के पश्चिम चंपारण जिले में मानवता को झकझोर देने वाली एक दर्दनाक घटना सामने आई है। कुमारबाग थाना क्षेत्र के भंगहा गांव निवासी एक व्यक्ति पर अपनी पत्नी और तीन मासूम बच्चों को नहर में फेंकने का आरोप लगा है। इस घटना में तीनों बच्चों की डूबने से मौत हो गई, जबकि पत्नी ने किसी तरह तैरकर अपनी जान बचा ली। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है।
जानकारी के अनुसार, भंगहा गांव निवासी लोरिक यादव के पुत्र रामबाबू यादव का सोमवार रात अपनी पत्नी ललिता देवी से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। बताया जाता है कि मंगलवार तड़के करीब तीन बजे रामबाबू अपनी पत्नी और तीनों बच्चों को बाइक पर बैठाकर घर से निकला। उसने पत्नी से कहा कि वह उसे उसके मायके, मझौलिया थाना क्षेत्र के बिरवा गांव छोड़ने जा रहा है।
आरोप है कि लोहियारिया चौक से आगे छवरहिया गांव के समीप बरोहिया नहर पहुंचने पर रामबाबू ने पहले अपनी पत्नी को नहर में धक्का दे दिया। इसके बाद उसने एक-एक कर तीनों बच्चों को भी बहती नहर में फेंक दिया। ललिता देवी किसी तरह तैरकर बाहर निकलने में सफल रहीं और मायके पहुंचकर परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी।
मंगलवार सुबह नहर में एक बच्ची का शव तैरता देख ग्रामीणों ने उसे बाहर निकाला और पुलिस को सूचना दी। पहचान नहीं होने के कारण पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच भेज दिया। इसी दौरान दोपहर बाद नहर से दो अन्य बच्चों के शव भी बरामद होने से इलाके में हड़कंप मच गया। बताया जाता है कि दो शव ग्रामीणों की मदद से निकाले गए, जबकि एक शव पुलिस ने बरामद किया।
बाद में तीनों मृत बच्चों की पहचान रामबाबू यादव के पुत्र-पुत्रियों के रूप में हुई। घटना के बाद आरोपी को उसके ससुराल पक्ष के लोगों द्वारा पकड़कर रखे जाने की सूचना है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और परिजनों समेत अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है।
एक ही परिवार के तीन मासूम बच्चों की मौत से गांव में मातम पसरा हुआ है। वहीं, आरोपी पिता के प्रति लोगों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


