केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के तीन सरकारी स्कूलों को बम धमाके से उड़ाने की सनसनीखेज धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया है। गुरुवार सुबह भेजे गए एक धमकी भरे ईमेल में खालिस्तान के समर्थन में नारे लिखने के साथ दोपहर 1:11 बजे स्कूलों और कुछ सरकारी दफ्तरों में विस्फोट करने की सीधी चेतावनी दी गई। ईमेल में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और पुलिस महानिदेशक (DGP) कार्यालय का भी नाम लेकर गंभीर धमकियां दी गई हैं। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन, बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वॉड ने संबंधित स्कूलों में सघन तलाशी अभियान चलाया, हालांकि जांच के दौरान किसी भी स्थान से कोई विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है।
सुबह 9:08 बजे आया धमकी भरा ईमेल, 1:11 बजे धमाके की दी चेतावनी
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गुरुवार सुबह करीब 9:08 बजे ‘केनेथ मैक्सिमस’ नाम के हैंडल से एक ईमेल भेजा गया। यह ईमेल शहर के सेक्टर-20, सेक्टर-23 और सेक्टर-32 स्थित सरकारी मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूलों के आधिकारिक ईमेल पतों पर प्राप्त हुआ। ईमेल में लिखा गया था— “CHANDIGARH BoleGa KHALISTAN Zindabad Zindabad”। इसके साथ ही धमकी में दावा किया गया कि दोपहर 1:11 बजे स्कूलों के अलावा कुछ प्रमुख सरकारी प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया जाएगा।
परविंदर झोटा की मौत का बदला लेने का दावा, CM मान पर निशाना साधने की धमकी
ईमेल में हाल ही में मानसा में हुई नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की मौत का बदला लेने की बात भी कही गई है। मेल में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और पंजाब पुलिस के शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक, आक्रामक और भड़काऊ भाषा का इस्तेमाल किया गया है। संदेश के अंत में ‘खालिस्तान नेशनल आर्मी’ के नाम का हवाला देते हुए कुछ अन्य व्यक्तियों और संगठनों के नाम दर्ज किए गए हैं। हालांकि, अधिकारियों का मानना है कि केवल नाम लिखे होने से यह पुष्टि नहीं होती कि ईमेल उसी संगठन ने भेजा है; यह जांच भटकाने या दहशत फैलाने की साजिश भी हो सकती है।
चप्पे-चप्पे पर चला सर्च ऑपरेशन, पहले भी मिल चुकी हैं झूठी धमकियां
धमकी मिलते ही पुलिस की विशेष टीमों ने तीनों स्कूलों को खाली कराकर हर कोने की बारीकी से जांच की। कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद जब कुछ नहीं मिला तो प्रशासन ने राहत की सांस ली। चंडीगढ़ में इस तरह की फर्जी (हॉक्स) बम धमकियों का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट, जिला अदालत परिसर, आईएसबीटी बस स्टैंड, पासपोर्ट कार्यालय, पंजाब सचिवालय और कई निजी स्कूलों को इसी तरह की धमकियां भेजी जा चुकी हैं, जो जांच के बाद निराधार साबित हुई थीं। फिलहाल, साइबर सेल ईमेल के आईपी एड्रेस (IP Address) और डिजिटल ट्रेल को ट्रैक कर आरोपी की पहचान करने में जुटी है।


