पंजाब की भगवंत मान सरकार ने राज्य में कर चोरी रोकने, राजस्व बढ़ाने और आम नागरिकों को हर खरीदारी पर बिल लेने के लिए जागरूक करने के उद्देश्य से ‘मेरा बिल App’ के माध्यम से ‘बिल ल्याओ इनाम पाओ’ योजना शुरू की है।
इस योजना के माध्यम से राज्य सरकार ने आम जनता को कर प्रशासन का प्रत्यक्ष भागीदार बनाया है।
1. योजना के मुख्य बिंदु और नियम
एप और पंजीकरण: उपभोक्ताओं को किसी भी खरीद का जीएसटी बिल ‘Mera Bill’ (मेरा बिल) मोबाइल ऐप पर अपलोड करना होता है।
न्यूनतम बिल राशि: इस योजना में भाग लेने के लिए बिल की न्यूनतम राशि ₹200 होनी आवश्यक है।
इनाम की राशि: लकी ड्रॉ के माध्यम से चुने गए विजेताओं को बिल में चुकाए गए कर (Tax) का 5 गुना तक (अधिकतम ₹10,000) इनामी राशि दी जाती है।
लकी ड्रॉ प्रणाली: राज्य के सभी कराधान (Taxation) जिलों के लिए हर महीने लकी ड्रॉ आयोजित किए जाते हैं।
[10:53 am, 3/11/2026] Riddhi Sharma: 2. कौन-से बिल मान्य नहीं हैं?
योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए कुछ नियम तय किए गए हैं:
बिजनेस-टू-बिजनेस (B2B) लेनदेन।
पेट्रोल, डीजल (पेट्रोलियम उत्पाद) और शराब की बिक्री के बिल।
पंजाब राज्य के बाहर से की गई खरीदारी के बिल।
3. योजना का प्रभाव और उपलब्धियां
टैक्स चोरी पर सख्त कार्रवाई: उपभोक्ताओं द्वारा अपलोड किए गए बिलों की जांच के दौरान बिल जारी न करने या अनियमितता बरतने वाली कई व्यावसायिक इकाइयों पर करोड़ों रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
[10:55 am, 3/11/2026] Riddhi Sharma: नए टैक्स पंजीकरण: इस अभियान के कारण सैकड़ों नए व्यवसायियों ने जीएसटी के तहत पंजीकरण (GST Registration) कराया है।
जनभागीदारी: राज्य भर में हजारों लोगों को अब तक लकी ड्रॉ के जरिए लाखों-करोड़ों रुपये की इनामी राशि बांटी जा चुकी है, जिससे आम जनता में खरीदारी के वक्त पक्का बिल मांगने की आदत को बढ़ावा मिला है


